सुवेंदु अधिकारी के करीबी और निजी सहायक बताए जा रहे चंद्रनाथ रथ की बुधवार देर रात गोली मारकर हत्या कर दी गई। इस हाईप्रोफाइल हत्याकांड के बाद पूरे पश्चिम बंगाल में राजनीतिक माहौल गरमा गया है। हमले में उनके ड्राइवर समेत तीन लोग घायल हुए हैं, जिनका इलाज जारी है।
बाइक सवार हमलावरों ने बरसाईं गोलियां
यह सनसनीखेज वारदात मध्यमग्राम के दोहरिया इलाके में हुई। जानकारी के मुताबिक, चंद्रनाथ रथ बुधवार रात करीब 10:30 बजे स्कॉर्पियो वाहन से घर लौट रहे थे। जैसे ही उनकी गाड़ी जेस्सोर रोड के पास पहुंची, तभी बाइक सवार बदमाशों ने उनकी कार को घेर लिया और ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हमलावरों ने बेहद करीब से 4 से 5 राउंड गोलियां चलाईं। कई गोलियां चंद्रनाथ रथ के सीने और सिर में लगीं, जिससे मौके पर ही अफरा-तफरी मच गई।
अस्पताल पहुंचते ही डॉक्टरों ने किया मृत घोषित
घटना के तुरंत बाद गंभीर रूप से घायल चंद्रनाथ रथ को नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। हमले में उनके ड्राइवर समेत दो अन्य लोग भी घायल हुए हैं।
पुलिस ने 3 हिस्ट्रीशीटर दबोचे, मुख्य आरोपी अब भी फरार
घटना के बाद पश्चिम बंगाल पुलिस ने इलाके की घेराबंदी कर जांच शुरू कर दी। पुलिस ने इस मामले में तीन हिस्ट्रीशीटर अपराधियों को गिरफ्तार किया है और उनसे पूछताछ जारी है। हालांकि, मुख्य आरोपी अभी भी फरार बताया जा रहा है।
सूत्रों के मुताबिक, पुलिस को शक है कि इस हत्याकांड में सुपारी किलर्स शामिल हो सकते हैं। जांच एजेंसियां अब इस मामले के संभावित राजनीतिक और आपराधिक लिंक खंगाल रही हैं।
बांग्लादेश बॉर्डर कनेक्शन से बढ़ी चिंता
जांच में एक चौंकाने वाला एंगल भी सामने आया है। सूत्रों के अनुसार, हत्या को अंजाम देने के बाद आरोपी Bangladesh सीमा की ओर भागे थे। आशंका जताई जा रही है कि आरोपी सीमा पार कर बांग्लादेश फरार होने की कोशिश कर सकते हैं। इस इनपुट के बाद सीमा क्षेत्रों में अलर्ट बढ़ा दिया गया है।
बंगाल की राजनीति में मचा घमासान
इस हत्याकांड के बाद भाजपा और अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है। भाजपा ने इस हत्या के लिए टीएमसी समर्थित गुंडों को जिम्मेदार ठहराया है, जबकि टीएमसी ने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए सीबीआई जांच की बात कही है।
राज्य में चुनाव नतीजों के बाद लगातार हिंसा, आगजनी और मारपीट की घटनाएं सामने आ रही हैं। पुलिस अब तक करीब 200 मामले दर्ज कर चुकी है, जबकि 433 लोगों की गिरफ्तारी और 1100 से ज्यादा लोगों को एहतियातन हिरासत में लिया जा चुका है।
बीजेपी कार्यकर्ताओं में भारी आक्रोश
चंद्रनाथ रथ की हत्या के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं में भारी रोष है। कई जगहों पर विरोध प्रदर्शन हुए और अपराधियों के एनकाउंटर की मांग उठाई गई। इस घटना ने पश्चिम बंगाल की कानून-व्यवस्था और राजनीतिक हिंसा को लेकर फिर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।
