नई दिल्ली। जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का प्रदर्शन बुधवार को 33वें दिन भी जारी रहा। प्रदर्शन के बीच केंद्र सरकार ने आंदोलनकारियों से गतिरोध समाप्त करने के लिए दूसरी बार बातचीत की पहल की है। हालांकि, पार्टी ने सरकार के इस प्रस्ताव को स्वीकार करने से इनकार कर दिया है।
कॉकरोच जनता पार्टी के प्रवक्ता सौरव दास ने बताया कि केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने उन्हें अपने आवास पर बातचीत के लिए आमंत्रित किया था, लेकिन पार्टी ने इस प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया। उनका कहना है कि सरकार पहले आंदोलनकारियों की प्रमुख मांगों पर स्पष्ट रुख अपनाए, तभी किसी वार्ता का औचित्य होगा।
प्रदर्शन को देखते हुए राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। एहतियात के तौर पर दिल्ली मेट्रो के 16 स्टेशनों को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है। बुधवार सुबह से जंतर-मंतर पर हजारों प्रदर्शनकारी जुटे, जिनमें 20 जुलाई को संसद मार्च के दौरान पुलिस की कार्रवाई में घायल और प्रभावित हुए लोग भी शामिल हैं।
उधर, संसद मार्च के दौरान हुई हिंसा के मामले में दिल्ली पुलिस ने अलग-अलग थानों में 10 एफआईआर दर्ज की हैं। पुलिस के अनुसार प्रदर्शनकारियों पर रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) के जवानों पर जानलेवा हमला करने, पथराव, सार्वजनिक और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने तथा सरकारी कार्य में बाधा डालने के आरोप लगाए गए हैं। मामले की जांच जारी है।
इस बीच, केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने मंगलवार देर रात गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल में सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक से मुलाकात की। सोनम वांगचुक 28 जून से अनशन पर हैं। दिल्ली हाईकोर्ट के निर्देश के बाद उन्हें मंगलवार को सफदरजंग अस्पताल से मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार और चिकित्सकीय निगरानी जारी है।
