रायपुर। केंद्र सरकार के निर्देशों के तहत एलपीजी उपभोक्ताओं के लिए ई-केवाईसी (e-KYC) अनिवार्य कर दी गई है। इसके बावजूद बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं द्वारा अब तक सत्यापन नहीं कराने पर तीनों सरकारी तेल विपणन कंपनियों—बीपीसीएल, आईओसीएल और एचपीसीएल—ने सख्त रुख अपनाया है। कंपनियों ने स्पष्ट किया है कि 15 अगस्त तक ई-केवाईसी नहीं कराने वाले उपभोक्ताओं की ऑनलाइन गैस सिलेंडर बुकिंग बंद कर दी जाएगी। साथ ही सत्यापन पूरा होने तक सिलेंडर की डिलीवरी और एलपीजी सब्सिडी भी रोक दी जाएगी।
रायपुर जिले में तीनों कंपनियों के करीब तीन लाख एलपीजी उपभोक्ता हैं। इनमें लगभग 90 प्रतिशत लोगों ने ई-केवाईसी की प्रक्रिया पूरी कर ली है, जबकि 28 हजार से अधिक उपभोक्ताओं ने अब तक सत्यापन नहीं कराया है। अधिकारियों के अनुसार, ऐसे कई कनेक्शन संदेह के दायरे में हैं, जिनमें दूसरे जिले या राज्य में स्थानांतरित हो चुके उपभोक्ता, मृत व्यक्तियों के नाम पर जारी कनेक्शन या एक ही व्यक्ति के नाम पर एक से अधिक कनेक्शन शामिल हो सकते हैं।
कंपनियों ने बताया कि 15 अगस्त के बाद बिना ई-केवाईसी वाले कनेक्शनों का भौतिक सत्यापन किया जाएगा। जांच में अनियमितता मिलने पर संबंधित गैस कनेक्शन तत्काल निरस्त कर दिया जाएगा। इसी कारण गैस एजेंसियां भी लगातार उपभोक्ताओं से समय रहते ई-केवाईसी कराने की अपील कर रही हैं।
यदि किसी उपभोक्ता की ऑनलाइन बुकिंग बंद हो जाती है तो घबराने की आवश्यकता नहीं है। उपभोक्ता अपने आधार कार्ड और गैस कनेक्शन संबंधी दस्तावेजों के साथ संबंधित गैस एजेंसी पहुंचकर मात्र दो मिनट में ई-केवाईसी की प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। एजेंसी द्वारा गैस कार्ड पर ई-केवाईसी पूर्ण होने की मुहर भी लगाई जा रही है। इसके अलावा संबंधित तेल कंपनियों के मोबाइल ऐप के माध्यम से भी घर बैठे फेस रिकग्निशन की सहायता से ऑनलाइन ई-केवाईसी कराई जा सकती है।
इस बीच कंपनियों ने गैस सिलेंडर वितरण व्यवस्था को भी अधिक सुरक्षित बनाया है। अब बिना ओटीपी सत्यापन के किसी भी उपभोक्ता को सिलेंडर की डिलीवरी नहीं दी जा रही है। डिलीवरी कर्मी पहले उपभोक्ता के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर भेजा गया ओटीपी प्राप्त करते हैं, उसके बाद ही सिलेंडर सौंपते हैं। साथ ही उपभोक्ताओं को ई-केवाईसी कराने के लिए लगातार एसएमएस के माध्यम से भी जागरूक किया जा रहा है।
बीपीसीएल एलपीजी डिस्ट्रीब्यूटर संघ के प्रदेशाध्यक्ष मुरारी गौर ने कहा कि सामान्य उपभोक्ता हों या उज्ज्वला योजना के लाभार्थी, सभी के लिए 15 अगस्त तक ई-केवाईसी कराना अनिवार्य है। निर्धारित समय सीमा के भीतर सत्यापन नहीं कराने वाले उपभोक्ताओं के गैस कनेक्शन ब्लॉक किए जा सकते हैं। उन्होंने सभी उपभोक्ताओं से शीघ्र ई-केवाईसी कराने की अपील की है।
