कलेक्टर तोपनो ने कहा कि जिला चिकित्सालय जिले की प्रमुख स्वास्थ्य संस्था है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों से मरीज उपचार के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में मरीजों को बेहतर, गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना सभी अधिकारी-कर्मचारियों की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने ओपीडी पहुंचकर विभिन्न चिकित्सकों के कक्षों का निरीक्षण किया तथा चिकित्सकों की उपस्थिति की जानकारी ली। उन्होंने जिला अस्पताल में संचालित सीटी स्कैन, एक्स-रे, सोनोग्राफी, सेंट्रल ड्रग स्टोर, आपातकालीन यूनिट, डायलिसिस सेवा, आईसीयू, लैब एवं ब्लड बैंक का भी निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से इन सेवाओं के संचालन, उपलब्ध संसाधनों तथा मरीजों को मिल रही सुविधाओं की जानकारी लेते हुए निर्देश दिए कि मरीजों को आवश्यक जांच और उपचार के लिए अनावश्यक परेशानी न हो तथा सभी चिकित्सा सुविधाओं का सुचारू संचालन सुनिश्चित किया जाए।
कलेक्टर ने कहा कि चिकित्सकीय परामर्श के बाद मरीजों को आवश्यक दवाइयां आसानी से और समय पर उपलब्ध होनी चाहिए। उन्होंने अस्पताल परिसर की साफ-सफाई व्यवस्था का निरीक्षण करते हुए वार्डों, कक्षों, गलियारों और आसपास के परिसर में नियमित एवं बेहतर साफ-सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इसके बाद कलेक्टर ने 100 बिस्तर मातृ एवं शिशु अस्पताल का भी निरीक्षण किया। उन्होंने ओपीडी, लेबर रूम, एसएनसीयू, पीडियाट्रिक वार्ड, एनआरसी एवं ऑपरेशन थिएटर सहित विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लिया तथा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं के संबंध में चिकित्सकों एवं अधिकारियों से जानकारी ली।
कलेक्टर तोपनो ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाएं सीधे लोगों के जीवन और स्वास्थ्य से जुड़ी हैं, इसलिए अस्पताल में पदस्थ सभी अधिकारी एवं कर्मचारी निर्धारित समय पर अपनी ड्यूटी पर उपस्थित रहें। उन्होंने कर्मचारियों की उपस्थिति की नियमित निगरानी करने तथा ड्यूटी में लापरवाही पाए जाने पर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
उन्होंने अस्पताल परिसर की सुरक्षा एवं व्यवस्थित संचालन के लिए चारों ओर बाउंड्रीवाल निर्माण के संबंध में आवश्यक निर्देश दिए। साथ ही भवन एवं कक्षों में सीपेज जैसी समस्याओं का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करने को कहा। अस्पताल परिसर में पार्किंग व्यवस्था को व्यवस्थित करने तथा परिसर में गायों के प्रवेश पर रोक लगाने के भी निर्देश दिए। इस मामले में लापरवाही पर संबंधित गार्ड को नोटिस देने के निर्देश देते हुए उन्होंने अस्पताल की सुरक्षा एवं व्यवस्था पर विशेष निगरानी रखने को कहा।
निरीक्षण के अंत में कलेक्टर ने जिला चिकित्सालय के सफल संचालन एवं मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए सभी अधिकारी-कर्मचारियों को शुभकामनाएं दीं।
इस अवसर पर मुंगेली एसडीएम अजय शतरंज, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी एवं प्रभारी सिविल सर्जन डॉ. शीला साहा, डीपीएम गिरीश कुर्रे, बीएमओ डॉ. कमलेश खैरवार, आरएमओ डॉ. संदीप कुमार पाटिल सहित चिकित्सा अधिकारी एवं संबंधित विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
