बिलासपुर। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे यात्रियों की सुविधा, क्षेत्रीय कनेक्टिविटी और स्थानीय मांगों की पूर्ति के लिए लगातार पहल कर रहा है। इसी क्रम में 14 जुलाई 2025 से छिंदवाड़ा–इंदौर–छिंदवाड़ा के बीच चलने वाली लोकप्रिय पेंचवैली एक्सप्रेस का विस्तार नैनपुर स्टेशन तक कर दिया गया है। इस विस्तारित सेवा का शुभारंभ नैनपुर स्टेशन से हुआ, जहां से 19344 नैनपुर–इंदौर पेंचवैली एक्सप्रेस को सांसद डॉ. फग्गन सिंह कुलस्ते ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का आह्वान, ‘वेटलैण्ड मित्र’ बनें, जैविक विरासत को बचाएं
इस अवसर पर मध्य प्रदेश शासन की मंत्री संपतिया उइके और सांसद भारती पारधी भी उपस्थित रहीं। ट्रेन सेवा के विस्तार से नैनपुर, बालाघाट और मंडला जैसे क्षेत्रों के नागरिकों को इंदौर जैसे प्रमुख नगर से सीधे जुड़ने का अवसर मिलेगा। इससे आवागमन, व्यापार, पर्यटन और सामाजिक संपर्क को भी मजबूती मिलेगी।
कोरबा में 17 करोड़ की लागत से बने कन्वेंशन सेंटर की फॉल सीलिंग गिरी, निर्माण गुणवत्ता पर उठे सवाल, दो इंजीनियर सस्पेंड
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे लगातार नई रेल सेवाओं की शुरुआत और विशेष ट्रेनों के संचालन के जरिए यात्री सुविधाओं को प्राथमिकता दे रहा है। रथयात्रा के अवसर पर गोंदिया से खुर्दा रोड के लिए 6 फेरे, श्रावणी मेले के दौरान गोंदिया से मधुपुर के लिए 8 फेरे और दुर्ग से पटना के लिए 8 फेरे की स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है। इससे यात्रियों और श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा का लाभ मिल रहा है।
इसके अलावा, यात्रियों की स्थानीय मांगों के अनुरूप ट्रेनों के स्टॉपेज भी महत्वपूर्ण स्टेशनों पर दिए जा रहे हैं, जिससे आमजन को प्रत्यक्ष लाभ हो रहा है।
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे माल परिवहन में भी अहम भूमिका निभा रहा है। यह औद्योगिक इकाइयों और ताप विद्युत गृहों को कोयले की आपूर्ति कर देश की औद्योगिक गतिविधियों को गति दे रहा है।
यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं प्रदान करने के लिए दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे 50 स्टेशनों को “अमृत भारत स्टेशन योजना” के तहत विकसित कर रहा है। इसके तहत स्टेशनों को स्वच्छता, पेयजल, डिजिटलीकरण, मल्टी-मॉडल कनेक्टिविटी और ग्रीन बिल्डिंग जैसी सुविधाओं से सुसज्जित किया जा रहा है।
यह पहल न सिर्फ यात्रियों को सुविधा देगी, बल्कि इन स्टेशनों को स्थानीय विकास का केंद्र भी बनाएगी। रेलवे का यह प्रयास क्षेत्रीय विकास, सामाजिक समावेश और जनकल्याण की दिशा में मील का पत्थर साबित हो रहा है।
